विस्तृत उत्तर
भगवान नरसिंह श्री हरि विष्णु के सबसे उग्र अवतार हैं, जो अपने भक्तों (जैसे प्रहलाद) की रक्षा के लिए तत्काल प्रकट होते हैं। उनके मंत्रों की ऊर्जा इतनी प्रचंड होती है कि यह गुप्त से गुप्त शत्रुओं, काले जादू और भूत-प्रेत की बाधा को तुरंत जलाकर भस्म कर देती है।
नरसिंह भगवान का मुख्य तांत्रिक बीज मंत्र 'क्ष्रौं' (Kshroum) है। शत्रु नाश और अभेद्य सुरक्षा के लिए 'ॐ क्ष्रौं नृसिंहाय नमः' या उग्र मंत्र 'ॐ उग्रं वीरं महाविष्णुं ज्वलन्तं सर्वतोमुखम्। नृसिंहं भीषणं भद्रं मृत्युमृत्युं नमाम्यहम्॥' का जप करना चाहिए। चूंकि भगवान नरसिंह गोधूलि बेला (शाम के समय जब न दिन हो न रात) में प्रकट हुए थे, इसलिए इस मंत्र की साधना शाम के समय लाल वस्त्र पहनकर और क्रोधित भस्म करने वाले स्वरूप का ध्यान करते हुए करनी चाहिए।





