ॐ नमः शिवाय  |  जय श्री राम  |  हरे कृष्ण
📿
धर्म-संबंधी शंका हो? शास्त्रों में उत्तर है।
पौराणिक प्रश्नोत्तरी — वेद, पुराण और तंत्र-शास्त्रों से प्रमाणित उत्तर, सरल हिंदी में
सभी प्रश्न देखें →
रामचरितमानस — बालकाण्ड⏱ 1 मिनट पठन

जय-विजय कौन थे और उन्हें किसने शाप दिया?

जय-विजय भगवान विष्णु के वैकुण्ठ द्वारपाल थे। सनकादि ऋषियों (ब्रह्माजी के मानसपुत्र) ने शाप दिया — असुर योनि में जन्म लोगे।

संक्षिप्त उत्तर

जय-विजय भगवान विष्णु के वैकुण्ठ द्वारपाल थे। सनकादि ऋषियों (ब्रह्माजी के मानसपुत्र) ने शाप दिया — असुर योनि में जन्म लोगे। तीन जन्म — हिरण्याक्ष-हिरण्यकशिपु, रावण-कुम्भकर्ण, शिशुपाल-दन्तवक्र। रामावतार में रावण-कुम्भकर्ण जय-विजय ही थे।

📖

विस्तृत उत्तर

जय-विजय भगवान विष्णु के वैकुण्ठ (विष्णुलोक) के द्वारपाल थे। उन्हें सनकादि ऋषियों (सनक, सनन्दन, सनातन, सनत्कुमार — ब्रह्माजी के मानसपुत्र) ने शाप दिया।

बालकाण्ड में शिवजी ने पार्वतीजी को रामावतार के कारण बताते हुए जय-विजय की कथा का संक्षिप्त उल्लेख किया है। पूरी कथा पुराणों में विस्तृत है —

सनकादि ऋषि भगवान विष्णु के दर्शन के लिये वैकुण्ठ गये। जय-विजय ने उन्हें द्वार पर रोक दिया। क्रोधित सनकादि ने उन्हें शाप दिया कि तुम दोनों विष्णुलोक से गिरकर असुर (राक्षस) योनि में जन्म लोगे।

जय-विजय ने तीन जन्म असुर रूप में लिये:

  1. 1हिरण्याक्ष और हिरण्यकशिपु
  2. 2रावण और कुम्भकर्ण
  3. 3शिशुपाल और दन्तवक्र

तीनों जन्मों में भगवान ने उनका वध करके उन्हें मुक्ति दी। रामावतार में रावण और कुम्भकर्ण वस्तुतः जय-विजय ही थे।

उत्तर को थोड़ा और स्पष्ट करें

जय-विजय कौन थे और उन्हें किसने शाप दिया को संदर्भ सहित समझें

जय-विजय कौन थे और उन्हें किसने शाप दिया का सबसे सीधा सार यह है: जय-विजय भगवान विष्णु के वैकुण्ठ द्वारपाल थे। सनकादि ऋषियों (ब्रह्माजी के मानसपुत्र) ने शाप दिया — असुर योनि में जन्म लोगे। तीन जन्म — हिरण्याक्ष-हिरण्यकशिपु, रावण-कुम्भकर्ण, शिशुपाल-दन्तवक्र। रामावतार...

रामचरितमानस — बालकाण्ड जैसे विषयों में यह देखना जरूरी होता है कि बात किस परिस्थिति में लागू होती है, किन नियमों के साथ मान्य होती है और व्यवहार में इसका सही अर्थ क्या निकलता है.

इसी विषय पर 5 संबंधित प्रश्न और 6 विस्तृत लेख भी उपलब्ध हैं। इसलिए इस उत्तर को शुरुआती निष्कर्ष मानें और नीचे दिए गए अगले पन्नों से पूरा संदर्भ जोड़ें।

•

उत्तर पढ़ते समय यह देखें कि उसमें नियम, अपवाद और व्यवहारिक संदर्भ साफ हैं या नहीं।

•

रामचरितमानस — बालकाण्ड श्रेणी के दूसरे प्रश्न इस उत्तर की सीमा और उपयोग दोनों स्पष्ट करते हैं।

•

यदि विस्तृत विधि या पृष्ठभूमि चाहिए, तो नीचे दिए गए लेख पहले खोलें।

रामचरितमानस — बालकाण्ड प्रश्नोत्तर
🔗

आगे क्या पढ़ें

प्रश्न से जुड़े हब और आज के उपयोगी लिंक

इसे अपने प्रियजनों के साथ साझा करें
WhatsApp
क्या यह उत्तर सहायक था?

🏷 सम्बंधित विषय

बालकाण्डजय-विजयशापसनकादि
📚

विस्तार से पढ़ें

इस विषय पर हमारे विस्तृत लेख और मार्गदर्शिकाएँ

जय-विजय कौन थे और उन्हें किसने शाप दिया — शास्त्रों के अनुसार

पौराणिक पर आपको रामचरितमानस — बालकाण्ड से जुड़े प्रमाणिक प्रश्न-उत्तर मिलेंगे। अन्य प्रश्नों के लिए प्रश्नोत्तरी पृष्ठ देखें।

🙏 पूजा विधि📿 मंत्र जाप🔱 शिव पूजा🏠 वास्तु💭 सपनों का मतलब🪐 ज्योतिष

इसी विषय पर और प्रश्नोत्तर

टैग द्वारा खोजें:#बालकाण्ड#जय-विजय#शाप#सनकादि