ॐ नमः शिवाय  |  जय श्री राम  |  हरे कृष्ण
📿
धर्म-संबंधी शंका हो? शास्त्रों में उत्तर है।
पौराणिक प्रश्नोत्तरी — वेद, पुराण और तंत्र-शास्त्रों से प्रमाणित उत्तर, सरल हिंदी में
सभी प्रश्न देखें →
तंत्र ग्रंथ📜 शोध: Wikipedia (तंत्र आचार्य — तंत्रराज, भास्कर राय, सुभगानंद), माध्यमिक तंत्र1 मिनट पठन

तंत्रराज तंत्र में श्री विद्या की साधना कैसे बताई गई है?

संक्षिप्त उत्तर

36 पटल, शिव-शक्ति संवाद। षोडशी मंत्र + श्री चक्र 9 आवरण + 12 उपासक मुख (Wikipedia: मनु→दुर्वासा)। कादी/हादी मत। टीका: सुभगानंद/भास्कर राय। गुरु अनिवार्य — गुप्तमें गुप्त।

📖

विस्तृत उत्तर

तंत्रराज तंत्र = श्री विद्या/ललिता का सर्वप्रमुख ग्रंथ (Wikipedia verified):

संरचना: 36 पटल (अध्याय)। शिव-शक्ति संवाद।

श्री विद्या साधना (Wikipedia sources)

  1. 1षोडशी मंत्र: 16 अक्षरी श्री विद्या मंत्र = मुख्य विषय।
  2. 2श्री चक्र: 9 आवरण पूजा — बिंदु = ललिता।
  3. 3नवावरण: प्रत्येक आवरण = देवता समूह + मंत्र।
  4. 412 मुख (Wikipedia): मनु, चंद्र, कुबेर, लोपामुद्रा, मन्मथ, अगस्त्य, अग्नि, सूर्य, इंद्र, स्कंद, शिव, दुर्वासा — 12 श्री विद्या उपासक।
  5. 5कादी/हादी मत: दो प्रमुख श्री विद्या मार्ग।

टीकाकार (Wikipedia): सुभगानंद नाथ (22 पटल 'मनोरमा'), प्रकाशानंद (शेष 14), भास्कर राय (18वीं शती — 'सर्वतंत्र स्वतंत्र, अलौकिक शक्ति')।

गुरु अनिवार्य: श्री विद्या = गुप्तमें गुप्त — बिना दीक्षा = निषिद्ध।

📜
शास्त्रीय स्रोत
शोध: Wikipedia (तंत्र आचार्य — तंत्रराज, भास्कर राय, सुभगानंद), माध्यमिक तंत्र
क्या यह उत्तर उपयोगी था? इसे अपने प्रियजनों के साथ साझा करें

🏷 सम्बंधित विषय

तंत्रराजश्री विद्यासाधनाग्रंथललिता

इसी विषय के अन्य प्रश्न

📚

विस्तार से पढ़ें

इस विषय पर हमारे विस्तृत लेख और मार्गदर्शिकाएँ

तंत्रराज तंत्र में श्री विद्या की साधना कैसे बताई गई है — शास्त्रों के अनुसार

पौराणिक पर आपको तंत्र ग्रंथ से जुड़े प्रमाणिक प्रश्न-उत्तर मिलेंगे। यह उत्तर शोध: Wikipedia (तंत्र आचार्य — तंत्रराज, भास्कर राय, सुभगानंद), माध्यमिक तंत्र पर आधारित है। अन्य प्रश्नों के लिए प्रश्नोत्तरी पृष्ठ देखें।