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विस्तृत उत्तर
रौहिण मुहूर्त कुतप के बाद का समय है। इस काल में तर्पण और पिण्डदान से पितरों की संतुष्टि बढ़ती है।
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कुतप के बाद का शुभ श्राद्ध समय।
रौहिण मुहूर्त कुतप के बाद का समय है। इस काल में तर्पण और पिण्डदान से पितरों की संतुष्टि बढ़ती है।
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