विस्तृत उत्तर
एकादशी पर तामसिक पदार्थ जैसे प्याज, लहसुन, मांस, मदिरा, शहद, सुपारी और नशीले पदार्थों का सेवन पूर्णतः वर्जित है। साधारण नमक की जगह केवल सेंधा नमक खाना चाहिए। इस दिन शारीरिक संबंध बनाना (ब्रह्मचर्य भंग करना) घोर पाप है, स्कंद पुराण के अनुसार इससे संतान रुग्ण हो सकती है। इसके अलावा बाल काटना, नाखून काटना, साबुन-शैम्पू लगाना, किसी की निंदा करना, अपशब्द बोलना, झूठ बोलना या चीखना-चिल्लाना व्रत के फल को समाप्त कर देता है।


