📖
विस्तृत उत्तर
भस्मासुर ने भगवान शिव की तपस्या की थी। वह शीघ्र वरदान चाहता था, इसलिए उसने देवर्षि नारद से पूछा कि कौन-सा देवता जल्दी प्रसन्न होता है। नारद जी ने बताया कि भगवान शिव आशुतोष हैं, वे थोड़े से भाव या तप से भी शीघ्र प्रसन्न हो जाते हैं। वृकासुर ने केदारनाथ क्षेत्र में जाकर अत्यंत कठोर और तामसी तपस्या की। उसने अपने शरीर का मांस काट-काटकर अग्नि में अर्पित किया। अंत में शिव जी करुणा से प्रकट हुए और उसे वरदान दिया। यही वरदान बाद में शिव जी के लिए संकट बन गया।
🔗
आगे क्या पढ़ें
प्रश्न से जुड़े हब और आज के उपयोगी पंचांग लिंक
इसे अपने प्रियजनों के साथ साझा करें
क्या यह उत्तर सहायक था?



