विस्तृत उत्तर
चाँद सौदागर के घोर अपमान और हठ का उत्तर देते हुए मनसा देवी ने पहले उसके सबसे प्यारे 'गुआबाड़ी उद्यान' को विषैले नागों से जलवा दिया। जब वह फिर भी नहीं माना, तो देवी ने एक-एक करके उसके प्राणों से प्यारे छह जवान पुत्रों को डसवा कर मार डाला। अंत में, देवी ने भयंकर समुद्री तूफान रचकर कालीदह समुद्र में उसकी अपार संपदा से लदी 14 विशाल नौकाओं को जल-नागों के माध्यम से डुबो दिया और उसे दर-दर का भिखारी बना दिया।





