📖
विस्तृत उत्तर
दुर्वासा ऋषि के श्राप से देवता श्रीहीन और शक्तिहीन हो गए। स्वर्ग की कांति फीकी पड़ गई, देवताओं का तेज घट गया और उनका पराक्रम कमजोर हो गया। यज्ञों का प्रभाव कम हुआ, वृक्षों ने फल-फूल देना छोड़ दिया और तीनों लोकों का ऐश्वर्य नष्ट होने लगा। देवी लक्ष्मी भी क्षीरसागर में चली गईं, जिससे देवताओं का वैभव और अधिक घट गया। इस स्थिति का लाभ उठाकर असुरों ने स्वर्ग पर आक्रमण किया और देवताओं को पराजित कर दिया। यही संकट आगे चलकर समुद्र मंथन का कारण बना।
🔗
आगे क्या पढ़ें
प्रश्न से जुड़े हब और आज के उपयोगी पंचांग लिंक
इसे अपने प्रियजनों के साथ साझा करें
क्या यह उत्तर सहायक था?


