📖
विस्तृत उत्तर
महातल लोक में परिवार-मोह का वर्णन काद्रवेय नागों के जीवन से जुड़ा है। श्रीमद्भागवत पुराण के अनुसार ये नाग अपनी पत्नियों, संतानों, मित्रों और कुटुंबियों के संग महातल में विहार करते हैं। गरुड़ के निरंतर भय के बावजूद वे अपने परिवार और भौतिक सुखों में प्रमत्त हो जाते हैं। यह दर्शाता है कि महातल के निवासी परिवार-सुख, भोग और ऐश्वर्य में अत्यधिक आसक्त हैं, पर ईश्वरीय शरणागति के अभाव में भय से मुक्त नहीं हो पाते।
🔗
आगे क्या पढ़ें
प्रश्न से जुड़े हब और आज के उपयोगी पंचांग लिंक
इसे अपने प्रियजनों के साथ साझा करें
क्या यह उत्तर सहायक था?

