विस्तृत उत्तर
सहस्रार चक्र का बीज मंत्र 'ॐ' या मौन है।
यह चक्र मस्तिष्क के शिखर पर स्थित है और परमतत्त्व से संबद्ध है।
इस बीज मंत्र की साधना से समाधि, ब्रह्म-ज्ञान और आत्म-साक्षात्कार की प्राप्ति होती है।
सहस्रार चक्र का बीज मंत्र 'ॐ' या मौन है — यह मस्तिष्क के शिखर पर स्थित, परमतत्त्व से संबद्ध है। साधना से समाधि, ब्रह्म-ज्ञान और आत्म-साक्षात्कार की प्राप्ति होती है।
सहस्रार चक्र का बीज मंत्र 'ॐ' या मौन है।
यह चक्र मस्तिष्क के शिखर पर स्थित है और परमतत्त्व से संबद्ध है।
इस बीज मंत्र की साधना से समाधि, ब्रह्म-ज्ञान और आत्म-साक्षात्कार की प्राप्ति होती है।
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